गुरुवार, 4 नवंबर 2010

शुभ दीपावली ...डा श्याम गुप्त....

कविता की भाव-गुणवत्ता के लिए समर्पित


शुभ दीपावली......डा श्याम गुप्त ....












मुस्कुराओ जलाकर दीये ।
सामने हम खड़े हों जैसे।

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